राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) ने अपने स्थापना के शताब्दी वर्ष के अवसर पर महाराष्ट्र के नागपुर स्थित रेशमबाग मैदान में पारंपरिक विजयादशमी उत्सव और शस्त्र पूजन कार्यक्रम का भव्य आयोजन किया। इस ऐतिहासिक अवसर पर संघ प्रमुख (सरसंघचालक) डॉ. मोहन भागवत ने विधिवत शस्त्र पूजन किया और संघ के संस्थापक डॉ. केशव बलिराम हेडगेवार की स्मृति में पुष्पांजलि अर्पित की।
दशहरे के दिन वर्ष 1925 में नागपुर से शुरू हुई संघ की यात्रा के 100 वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में आयोजित इस विशेष वार्षिक कार्यक्रम में दैनिक जागरण के प्रधान संपादक संजय गुप्ता मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। शस्त्र पूजन के पश्चात स्वयंसेवकों ने पूर्ण गणवेश में पथ संचलन में भाग लिया और अनुशासन का प्रदर्शन किया।
अपने वार्षिक विजयादशमी संबोधन में संघ प्रमुख मोहन भागवत ने राष्ट्रीय एकता, स्वदेशी चेतना और सामाजिक समरसता पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि भारत की शक्ति उसकी सांस्कृतिक विरासत और एकजुटता में निहित है। जब भी समाज बंटा है, देश को नुकसान पहुंचा है। उन्होंने नई पीढ़ी को संस्कारित करने, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) जैसी आधुनिक चुनौतियों के बीच मानवीय व नैतिक मूल्यों को बनाए रखने और समाज में नशा मुक्ति व समरसता बढ़ाने का आह्वान किया।